मीडिया जो चाहे लिखे,कहे,दिखाये और बताये उसको पूरी आजादी है । फ़िर देश की आम जनता की औकात ही क्या है ? यह बात राज ठाकरे वाले मामले से आसानी से समझा जा सकता है ।
अपनी राजनीतिक जमीन तलास कर रहे राज ठाकरे ने ऐसा कुछ नही किया जो इस देश की राजनीत के लिये नया हो । उन्होने बस अपनी राजनीतिक विरासत को आगे बढाया । अब अगर राज को आप ग़लत कहेंगे तो आप को इस देश की राजनीतिक और संवैधानिक स्थितियों को भी ग़लत कहना पड़ेगा । इस देश मे कानून कब राजनेतावो पर नकेल कसने मे कामयाब हुवा है ? शायद तभी जब उसकी राजनीतिक गोटियाँ राजनीति की बिसाद पे सही नही बैठी । हाल ही मे सत्यम का घोटाला उजागर हुआ ,क्योंकि सत्यम का राजनीतिक मडर सुनिश्चित किया गया ।
राज ठाकरे राजनीति को अच्छी तरह समझते हैं । आगे बढ़ने के शोर्ट -कट को जानते है । आज अगर आप राज को ग़लत मानते हैं तो कृपया एक ऐसा नाम बता दीजिये जो आप की नजरो मे सही हो । आजादी के बाद का मोह भंग और उसके बाद की अवसरवादिता ही आज की राजनीति का एक मात्र सच है ।
मै राज ठाकरे को ग़लत नही मानता ,लेकिन उनका समर्थन भी नही करता .सही-ग़लत के बीच न फसकर मै बस इतना कहना चाहता हूँ की इस देश को आज सबसे अधिक खतरा अगर किसी से है तो निरंकुश मीडिया से है । इस लिये हमारा -आपका सीधा संवाद जरूरी है । आप क्या सोचते हैं ?
Sunday, 25 January 2009
कैसे ग़लत हैं राज ठाकरे ?
Subscribe to:
Post Comments (Atom)
बुखारेस्ट में संपन्न क्षेत्रीय हिंदी सम्मेलन
बुखारेस्ट में संपन्न क्षेत्रीय हिंदी सम्मेलन बुखारेस्ट, रोमानिया | 28–29 जनवरी रोमानिया की राजधानी बुखारेस्ट स्थित रोमानियन–अमेरिकन यूनिवर्...
-
***औरत का नंगा जिस्म ********************* शायद ही कोई इस दुनिया में हो , जिसे औरत का जिस्म आकर्षित न करता हो . अगर सारे आवरण हटा क...
-
जी हाँ ! मैं वृक्ष हूँ। वही वृक्ष , जिसके विषय में पद््मपुराण यह कहता है कि - जो मनुष्य सड़क के किनारे तथा...
-
Factbook on Global Sexual Exploitation India Trafficking As of February 1998, there were 200 Bangladeshi children and women a...
-
अमरकांत की कहानी -जिन्दगी और जोक : 'जिंदगी और जोक` रजुआ नाम एक भिखमंगे व्यक्ति की कहानी है। जिसे लेखक ने मुहल्ले में आते-ज...
-
अनेकता मे एकता : भारत के विशेष सन्दर्भ मे हमारा भारत देश धर्म और दर्शन के देश के रूप मे जाना जाता है । यहाँ अनेको धर...
-
अर्गला मासिक पत्रिका Aha Zindagi, Hindi Masik Patrika अहा जिंदगी , मासिक संपादकीय कार्यालय ( Editorial Add.): 210, झेलम हॉस्टल , जवा...
-
अमरकांत की कहानी -डिप्टी कलक्टरी :- 'डिप्टी कलक्टरी` अमरकांत की प्रमुख कहानियों में से एक है। अमरकांत स्वयं इस कहानी के बार...
-
Statement showing the Orientation Programme, Refresher Courses and Short Term Courses allotted by the UGC for the year 2011-2012 1...
अच्छा लगा... मै वार नही करता पर बचाव का हक तो है ही... राज ठाकरे को मैं बुरा नहीं कहता...लेकिन उनकी सोच को सही नहीं ठहराया जा सकता....ये भी मानता हूं कि राजनीति का स्तर गिर गया है... लेकिन इसका मतलब ये नहीं होना चाहिए कि देश की अखडंता को खतरे में डाल दें...
ReplyDelete